
उत्तर प्रदेश में एक एसएसपी के घर के बाहर भाजपा सदस्यों ने जम कर हल्ला काटा। तकरीबन 500 के आसपास लोगो द्वारा हंगामा होने से एसएसपी की पत्नी और बच्चे बुरी तरह डर गए। भारतीय प्रशासन के लिए ईमानदारी से कार्य कर रहे एसएसपी लवकुमार का परिवार सदमे में है। एक एसएसपी का परिवार खौफ में आगया तो एक आम नागरिक की बिसात क्या है।
हालांकि पुलिस ने कठोर कदम लेते हुए भाजपा सांसद राघव लखनपाल और अन्य भाजपा विधायकों पर एसएसपी लवकुमार के घर तोड़फोड़ करने के आरोप में मुक़दमा दर्ज कर लिया है तो दूसरी ओर सांसद राघव लखनपाल एसएसपी लव कुमार पर माहौल ख़राब करने का आरोप लगा रहे हैं.
एसएसपी लवकुमार की पत्नी शक्ति कुमार ने कहा है :
"सबसे ज्यादा सुरक्षित मानी जाने वाली एसएसपी कोठी पर ढाई घंटे तक जो मंजर मैंने देखा, उससे सहम गई हूं. मैंने अपने छह व आठ साल के बच्चों की आंखों में ख़ौफ़ देखा है."
मामला यह है कि गुरुवार को अंबेडकर शोभा यात्रा निकाली जानी थी लेकिन प्रशासन की तरफ से अनुमति नहीं मिली। पुलिस ने रैली को छोटा कर दिया बस यही बात भाजपा सांसद को बुरी लग गयी। सांसद राघव लखनपाल अपने नेतृत्व में सैकड़ों लोगो के साथ एसएसपी के घर पहुंचे और वहां तोड़फोड़ की। ध्यान दीजिये कि हिंसा का इस्तेमाल करके शोभायात्रा की मांग एक ऐसे नेता (बाबा साहब अम्बेडकर) के लिए की जा रही है जो ज़िन्दगी भर अहिंसक रहा

गुरुवार को यह शोभायात्रा निकली लेकिन उसपर पत्थरबाज़ी हुई। जिसके बाद हुई हिंसा में दुकानों को तोड़फोड़ दिया था. पुलिस ने शोभायात्रा को रोक दिया था क्योकि यह बिना अनुमति के निकाली जा रही थी
बीबीसी से बात करते हुए एसएसपी लव कुमार ने कहा:
"घर में चार सौ पांच सौ लोग घुस जाएंगे तो बच्चों का डरना स्वाभाविक है। मैं उस समय घर पर नहीं था. वो लोग चार-पांच घंटे तक रहे होंगे, लेकिन ऐसा नहीं है कि वो चार-पांच घंटों तक तोड़फोड़ ही करते रहे हों."
उत्तर प्रदेश आईपीएस एसोसिएशन ने इस घटना की आलोचना की है और पुलिस ने कई लोगों को गिरफ्त में लिया है।

वही सांसद लखनपाल ने कहा:
" शांतिपूर्ण शोभायात्रा पर एक हिंसक भीड़ ने हमला किया है. कार्रवाई उन लोगों पर होनी चाहिए थी जबकि पुलिस ने गलत रिपोर्ट दर्ज की है एसएसपी घटनाक्रम से भाग खड़े हुए और अब मनगढ़ंत कहानी सुना रहे हैं। हमने उनके घर पर कोई हमला नहीं किया था."
जब सांसद से इस बारे में पूछा गया कि यात्रा की अनुमति ही नहीं थी तो उन्होंने कहा:
"मुझे आयोजकों ने शोभायात्रा में आमंत्रित किया था. जब मैं वहां पहुंचा तब ही पता चला कि प्रशासन ने शोभायात्रा के लिए अनुमति नहीं दी है."
सोर्स
Sponsor Post
यह भी देखिये
घुमन्तु प्रजाति के सदस्यों पर गौ रक्षको ने किया हमला , पीड़ितों में 9 बच्ची भी शामिल अफ़सोस : घांस, चूहे और सांप द्वारा प्रदर्शन कर रहे तमिलनाडु के किसानो ने अब पिया मूत्र
पानी बचाने के लिए तमिलनाडु के मंत्री ने नदी पर बिछवाई थर्मोकोल की चादर , चंद पलो में आईडिया असफल
भाजपाइयों ने मारा DSP को थप्पड़ , की पत्थरबाज़ी , पुलिस ने भांजी लाठियाँ, 5 के खिलाफ मामला दर्ज
No comments:
Post a Comment